ईटखेड़ी में महिलाओं की आजीविका गतिविधियों का अवलोकन, गोलखेड़ी में गेहूं उपार्जन केंद्र का निरीक्षण

भोपाल की विशेष खबरें।
आज हम आपको लिए चलते हैं एक ऐसे दौरे पर, जहां कलेक्टर ने जमीनी स्तर पर विकास कार्यों का जायजा लिया और ग्रामीण महिलाओं के सशक्तीकरण पर विशेष जोर दिया।
भोपाल, 17 अप्रैल 2026 —
कलेक्टर श्री प्रियंक मिश्रा ने “एक जिला – एक उत्पाद” पहल के अंतर्गत ईटखेड़ी स्थित समर्थन सीएलएफ सेंटर का भ्रमण किया।
यहां उन्होंने स्व-सहायता समूहों की महिलाओं से मुलाकात कर जरी-जरदौजी, जूट और बांस से बने उत्पादों का अवलोकन किया। कलेक्टर ने महिलाओं के कार्यों की सराहना करते हुए आजीविका गतिविधियों को और मजबूत बनाने के सुझाव दिए।

उन्होंने स्कूल बच्चों के आवागमन के लिए “आजीविका एक्सप्रेस” संचालित करने की भी बात कही, जिससे समूहों की आय में वृद्धि हो सके।
दौरे के दौरान कलेक्टर ने ग्रामीण नागरिकों और बच्चों से भी संवाद किया और पेयजल, स्वास्थ्य, शिक्षा तथा ड्रॉप-आउट जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर चर्चा की। महिलाओं द्वारा पेयजल समस्या उठाए जाने पर उन्होंने अधिकारियों को हलाली बांध परियोजना के माध्यम से समाधान के निर्देश दिए।

इस अवसर पर जानकारी दी गई कि ईटखेड़ी समर्थन सीएलएफ से जुड़ी लगभग 50 प्रतिशत महिलाएं “लखपति दीदी” बन चुकी हैं, जो पशुपालन, सिलाई-कढ़ाई, बैंक सखी और अन्य व्यवसायों के माध्यम से आत्मनिर्भर बन रही हैं।
कलेक्टर ने आंगनवाड़ी केंद्रों को नर्सरी शिक्षा के रूप में विकसित करने की जानकारी देते हुए महिलाओं से बच्चों को नियमित रूप से भेजने की अपील भी की।
इसके बाद कलेक्टर श्री मिश्रा ने ग्राम पंचायत गोलखेड़ी में संचालित गेहूं उपार्जन केंद्र का निरीक्षण किया। उन्होंने किसानों से चर्चा कर व्यवस्थाओं की जानकारी ली और अधिकारियों को सभी आवश्यक सुविधाएं सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।

जिले में समर्थन मूल्य पर गेहूं विक्रय के लिए हजारों किसानों ने पंजीयन कराया है और कई केंद्रों पर खरीदी जारी है।
कुल मिलाकर, कलेक्टर का यह दौरा ग्रामीण विकास, महिला सशक्तीकरण और किसानों की सुविधाओं को मजबूत करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल साबित हो रहा है।

